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20 हजार अमृत सरोवरों का निर्माण एवं उद्धार करके यूपी आया देश में प्रथम

Environment Pulse
Last updated: July 11, 2026 10:48 pm
Environment Pulse
Published: July 11, 2026
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राज्य सरकार की जल संरक्षण मुहिम बेहद सफल रही, हरदोई आया अव्वल

पर्यावरण संरक्षण की नजीर बने बने अमृत सरोवर, गांवों का बदल रहा माहौल

एनवायरमेंट पल्स डेस्क

उत्तर प्रदेश सरकार ने गांवों में जल संरक्षण और ग्रामीण विकास के लिए केंद्र सरकार द्वारा चलाई गई अमृत सरोवर योजना को लागू करने में एक खास उपलब्धि हासिल की है। इसमें प्रदेश में अब तक सरकार ने लगभग 20 हजार (19,989) अमृत सरोवरों का निर्माण और पुनरुद्धार करवाया है। इसमें हरदोई जिले ने सबसे बेहतर किया है। उसको प्रदेश में पहला स्थान मिला है।

ग्राम्य विकास विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार अमृत सरोवर निर्माण अभियान में प्रदेश पांच जिले हरदोई, आजमगढ़, गोरखपुर, महराजगंज व प्रयागराज टॉप पांच में शामिल हैं। यहां हरदोई प्रदेश में पहले स्थान पर है, जहां 1,202 सरोवरों का निर्माण किया जा चुका है। इसके अलावा आजमगढ़ में 797, गोरखपुर में 734, महराजगंज में 726 और प्रयागराज में 638 अमृत सरोवर विकसित किए गए हैं। प्रदेशभर में अब तक निर्माण एवं पुनरुद्धार का कुल आंकड़ा 19,989 तक पहुंच चुका है।

अमृत सरोवर योजना का उद्देश्य केवल पुराने जल स्रोतों का संरक्षण करना नहीं है, बल्कि वर्षा जल संचयन को बढ़ावा देकर भूजल स्तर में सुधार लाना भी है। इन सरोवरों के माध्यम से किसानों को सिंचाई के लिए अतिरिक्त जल उपलब्ध हो रहा है, जिससे उनकी कृषि गतिविधियां तेज हो रही हैं। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में जल उपलब्धता बढ़ी है। इसके साथ-साथ पर्यावरण भी संतुलित हुआ है।

इन सरोवरों को कम से कम एक एकड़ क्षेत्रफल में विकसित किया गया है। इनकी जल धारण करने की क्षमता लगभग 10 हजार घन मीटर है। सरोवरों के चारों ओर पक्के पैदल मार्ग, बैठने के लिए बेंच, प्रकाश व्यवस्था के साथ वृक्षारोपण भी किया गया है।

इस योजना का एक बड़ा लाभ ग्रामीण रोजगार के रूप में भी सामने आया है। सरोवरों की खुदाई, गाद निकालने और सुंदरीकरण के कार्यों को वीबी जी राम जी (पूर्व में मनरेगा) से जोड़ा गया है। इससे प्रदेश के लाखों ग्रामीण परिवारों को अपने ही गांव में रोजगार के अवसर उपलब्ध हुए हैं। इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने के साथ स्थानीय स्तर पर आय के नए स्रोत भी विकसित हुए हैं।

अमृत सरोवरों के निर्माण और पुनरुद्धार से जल संरक्षण, पर्यावरण संरक्षण और ग्रामीण विकास के लक्ष्यों को एक साथ आगे बढ़ाया जा रहा है। वर्षा जल संचयन, भूजल पुनर्भरण, हरियाली बढ़ाने और कृषि को सहयोग देने के साथ यह योजना गांवों में सतत विकास की मजबूत नींव तैयार कर रही है।

ग्राम्य विकास विभाग के अनुसार, अमृत सरोवर योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के कारण उत्तर प्रदेश देश के अन्य राज्यों के लिए एक मॉडल के रूप में उभरकर सामने आया है। जल संरक्षण, पर्यावरण सुधार और ग्रामीण रोजगार को एक साथ जोड़ने वाली यह पहल प्रदेश में ग्रामीण समृद्धि और आत्मनिर्भरता को नई गति दे रही है। (वि.)

फोटो साभार-सोशल मीडिया

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