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Environment Pulse > News > वनतारा संबंधी प्रकाशित खबर पर स्पष्टीकरण और खेद
News

वनतारा संबंधी प्रकाशित खबर पर स्पष्टीकरण और खेद

Environment Pulse
Last updated: September 29, 2026 5:57 pm
Environment Pulse
Published: September 29, 2026
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एनवायरमेंट पल्स डेस्क

हम अपने पाठकों और संबंधित पक्षों को वनतारा से जुड़ी 26 सितंबर 2026 को प्रकाशित ‘ वनतारा में विदेशी वन्यजीवों के आयात पर स्थायी रोक की मांग, 27 अंतरराष्ट्रीय संगठनों ने लिखा खुला पत्र’ शीर्षक खबर के संबंध में आवश्यक स्पष्टीकरण देना चाहते हैं। हमारे द्वारा प्रकाशित खबर में वनतारा में विदेशी वन्यजीवों के आयात पर स्थायी रोक की मांग से संबंधित 27 अंतरराष्ट्रीय संगठनों के खुले पत्र का उल्लेख किया गया था। हालांकि, इस खबर के प्रकाशन के समय हमारे संज्ञान में यह तथ्य नहीं था कि इस मामले से संबंधित न्यायिक कार्यवाही में सुप्रीम कोर्ट ने अपना निर्णय देते हुए विशेष जांच दल (SIT) की रिपोर्ट को स्वीकार किया था और मामले में वनतारा के खिलाफ लगाए गए आरोपों पर कानून के उल्लंघन का कोई मामला नहीं पाया था।

सुप्रीम कोर्ट के समक्ष प्रस्तुत SIT की जांच में वन्यजीव संरक्षण कानून, केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण के नियमों, सीमा शुल्क कानून, FEMA, PMLA तथा CITES से संबंधित कथित उल्लंघनों की जांच की गई थी। उपलब्ध न्यायिक रिकॉर्ड के अनुसार, जांच में वन्यजीवों के अधिग्रहण और आयात में कानूनी उल्लंघन नहीं पाया गया। SIT ने वन्यजीवों की देखभाल, पशु चिकित्सा सुविधाओं और संबंधित व्यवस्थाओं की भी जांच की थी। वित्तीय अनियमितताओं और अवैध धन प्रवाह से जुड़े आरोपों की भी जांच की गई थी।

इस महत्वपूर्ण न्यायिक निर्णय और उसके निष्कर्षों को खबर में पर्याप्त रूप से शामिल न किया जाना हमारी संपादकीय चूक थी। हम स्पष्ट करना चाहते हैं कि उक्त खबर का प्रकाशन अनजाने में हुई तथ्यात्मक एवं संपादकीय त्रुटि का परिणाम था। इसका उद्देश्य किसी व्यक्ति, संस्था अथवा संगठन की प्रतिष्ठा को प्रभावित करना नहीं था। मामले की वास्तविक न्यायिक स्थिति की जानकारी मिलने के बाद हमने संबंधित खबर को वेबसाइट से हटाने तथा इस स्पष्टीकरण और खेद-प्रकाशन को सार्वजनिक करने का निर्णय लिया है।

हम अपने पाठकों और संबंधित पक्षों से इस त्रुटि के लिए निष्कपट खेद व्यक्त करते हैं। भविष्य में न्यायिक मामलों से संबंधित समाचार प्रकाशित करते समय न्यायालय के आदेशों, आधिकारिक रिकॉर्ड और संबंधित पक्षों के पक्ष को और अधिक सावधानी एवं संतुलन के साथ सत्यापित करने का प्रयास किया जाएगा। (नोट – इस स्पष्टीकरण की खबर में रिप्रजेंटेशनल एआई इमेज का इस्तेमाल किया गया है।)

-संपादक

 

 

 

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