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Environment Pulse > कचरा-प्रबंधन > सिक्किम का जोंगू बना लगभग 100 प्रतिशत ठोस कचरा मुक्त, स्वच्छ भारत मिशन-ग्रामीण के तहत बड़ी उपलब्धि
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कचरा-प्रबंधन

सिक्किम का जोंगू बना लगभग 100 प्रतिशत ठोस कचरा मुक्त, स्वच्छ भारत मिशन-ग्रामीण के तहत बड़ी उपलब्धि

Environment Pulse
Last updated: September 11, 2026 12:35 pm
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Published: September 11, 2026
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मंगन जिले का जोंगू ब्लॉक ‘स्वच्छ भारत मिशन-ग्रामीण’ के तहत लगभग 100 प्रतिशत ठोस कचरा मुक्त क्षेत्र बन गया है। सामुदायिक भागीदारी और प्रशासन के प्रयासों से दशकों पुराना कचरा साफ किया गया है, प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट की स्थापना की गई है, और कचरा पृथक्करण व सिंगल-यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध जैसी सख्त व्यवस्था लागू की गई है।

एनवायरमेंट पल्स डेस्क। सिक्किम के मंगन जिले का जोंगू ब्लॉक स्वच्छ भारत मिशन-ग्रामीण (SBM-G) के तहत लगभग 100 प्रतिशत ठोस कचरा मुक्त क्षेत्र बनने की दिशा में बड़ी उपलब्धि हासिल कर चुका है।

दशकों से जमा कचरे को हटाने के लिए चलाए गए व्यापक सामुदायिक अभियान के बाद क्षेत्र में स्वच्छता व्यवस्था को मजबूत किया गया है।

इस अभियान का नेतृत्व ब्लॉक प्रशासनिक केंद्र (BAC), पासिंगडांग, जोंगू ने ग्रामीण विकास विभाग, वन विभाग, पंचायती राज संस्थाओं, GREF और स्थानीय स्वयंसेवकों के सहयोग से किया।

अभियान के तहत जंगलों, झोरों, सड़कों के किनारे और दुर्गम इलाकों में वर्षों से जमा कचरे को हटाया गया। प्रशासन के अनुसार, अब तक करीब 95 प्रतिशत पुराने कचरे को साफ किया जा चुका है।

कई दुर्गम क्षेत्रों में स्वयंसेवकों को घंटों पैदल चलकर खड़ी चट्टानों और कठिन भूभाग से कचरा निकालना पड़ा। जोंगू में पहला प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट (PWMU) BAC जोंगू परिसर में स्थापित किया गया है। यह इकाई ब्लॉक की सभी सात ग्राम पंचायत इकाइयों और 1,900 से अधिक परिवारों को कवर करती है।

हालांकि इसका मुख्य उद्देश्य प्लास्टिक कचरे का प्रबंधन है, लेकिन अभियान के तहत कपड़े, जूते, सैनिटरी कचरा, ई-कचरा, कांच, सीमेंट की बोरियां और अन्य गैर-उपचार योग्य मिश्रित कचरे को भी अलग-अलग किया जा रहा है। ब्लॉक में चार-तरफा कचरा पृथक्करण, कचरा कम करने और पुन: उपयोग को अनिवार्य किया गया है।

सिंगल-यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध के साथ ग्राम पंचायतों द्वारा स्थापित संग्रह केंद्रों पर समयबद्ध तरीके से कचरा जमा करने की व्यवस्था लागू की गई है। प्रशासन के अनुसार, जोंगू ने 100 प्रतिशत डंपिंग-फ्री और बर्निंग-फ्री स्थिति हासिल कर ली है।

ब्लॉक में अलग मटेरियल रिकवरी फैसिलिटी उपलब्ध नहीं होने के कारण गैर-उपचार योग्य कचरे को गंगटोक जिले के मार्तम स्थित निर्धारित लैंडफिल तक पहुंचाया जाता है।

ब्लॉक विकास अधिकारी डॉ. महेंद्र तमांग ने कहा कि दशकों से जमा कचरे को हटाना बेहद कठिन और चुनौतीपूर्ण अभियान था, लेकिन सामुदायिक भागीदारी ने इसे सफल बनाया। उन्होंने इसे समुदाय आधारित कचरा प्रबंधन का एक प्रभावी मॉडल बताया। ‘क्लीन एंड सेक्रेड जोंगू’ अभियान का नेतृत्व BAC जोंगू और सातों ग्राम पंचायत इकाइयों ने क्षेत्रीय विधायक एवं मंत्री पिंत्सो नामग्याल लेप्चा के मार्गदर्शन में किया।

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