इनॉक्स ग्रीन NCLT की मंजूरी के बाद विंड वर्ल्ड का 4.5 GW विंड O&M कारोबार ₹550 करोड़ में खरीदेगी। इस पोर्टफोलियो के साथ टाटा ग्रुप, रिन्यू, ग्रीनको और हिंदुस्तान जिंक जैसे बड़े ग्राहक इनॉक्स ग्रीन से जुड़ेंगे। इस O&M कारोबार ने वित्त वर्ष 2025-26 में ₹579.77 करोड़ का राजस्व हासिल किया है।
एनवायरमेंट पल्स डेस्क। इनॉक्स ग्रीन एनर्जी सर्विसेज लिमिटेड को विंड वर्ल्ड (इंडिया) लिमिटेड के अधिग्रहण से जुड़ी समाधान योजना को मंजूरी मिलने के बाद उसके विंड टर्बाइन ऑपरेशन और मेंटेनेंस (O&M) कारोबार को खरीदने का रास्ता साफ हो गया है।
कंपनी ने बताया कि उसे नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) की अहमदाबाद पीठ के मंजूरी आदेश की प्रमाणित प्रति मिल गई है। NCLT की अहमदाबाद पीठ ने 27 जुलाई 2026 को इनॉक्स नियो एनर्जीज लिमिटेड और ऑथम इन्वेस्टमेंट एंड इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड के कंसोर्टियम द्वारा विंड वर्ल्ड के अधिग्रहण से जुड़ी समाधान योजना को मंजूरी दी थी। इनॉक्स ग्रीन को इस आदेश की प्रमाणित प्रति 3 अगस्त को प्राप्त हुई।
समाधान योजना के तहत इनॉक्स ग्रीन या उसकी किसी सहायक कंपनी को विंड वर्ल्ड के O&M कारोबार के अधिग्रहण के लिए कार्यान्वयन इकाई के रूप में नामित किया गया है। कारोबार को ‘गोइंग कंसर्न’ के रूप में स्लंप सेल या समाधान योजना में अनुमत किसी अन्य संरचना के माध्यम से खरीदा जाएगा। इसके लिए इंप्लीमेंटेशन एंड मॉनिटरिंग कमेटी की मंजूरी भी आवश्यक होगी।
4.5 GW का विंड टर्बाइन पोर्टफोलियो
विंड वर्ल्ड का O&M कारोबार करीब 4.5 GW के विंड टर्बाइन पोर्टफोलियो से जुड़ा है। यह पोर्टफोलियो आंध्र प्रदेश, गुजरात, कर्नाटक, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, राजस्थान और तमिलनाडु में फैला हुआ है। इनॉक्स ग्रीन के लिए यह अधिग्रहण उसके मुख्य कारोबार के साथ सीधे तौर पर जुड़ा है, क्योंकि कंपनी विंड टर्बाइन जनरेटर और पवन ऊर्जा परिसंपत्तियों के संचालन तथा रखरखाव के क्षेत्र में काम करती है। इस पोर्टफोलियो में टाटा समूह, रिन्यू, ग्रीनको, अप्रावा एनर्जी और हिंदुस्तान जिंक जैसे प्रमुख ग्राहक शामिल हैं।
ऐसे स्थापित ग्राहकों और परिचालन परिसंपत्तियों के जुड़ने से इनॉक्स ग्रीन की देश के पवन ऊर्जा सेवा बाजार में स्थिति और मजबूत होने की उम्मीद है। ₹550 करोड़ तक का नकद भुगतान अधिग्रहण के लिए भुगतान नकद में किया जाएगा। इसकी कुल लागत ₹550 करोड़ तक सीमित रहेगी।
अंतिम राशि
इनॉक्स ग्रीन या उसकी सहायक कंपनी और विंड वर्ल्ड के बीच होने वाले निश्चित समझौतों में तय शर्तों और समायोजनों पर निर्भर करेगी। कंपनी के अनुसार, 3 अगस्त 2026 से 60 दिनों के भीतर O&M कारोबार का हस्तांतरण पूरा किए जाने की उम्मीद है। हालांकि, यह प्रक्रिया समाधान योजना की शर्तों, इंप्लीमेंटेशन एंड मॉनिटरिंग कमेटी की मंजूरी और आवश्यक अन्य नियामकीय अनुमतियों के अधीन रहेगी।
FY26 में ₹579.77 करोड़ का कारोबार इनॉक्स ग्रीन द्वारा साझा किए गए अस्थायी और अनऑडिटेड आंकड़ों के मुताबिक, अधिग्रहण किए जाने वाला विंड वर्ल्ड का O&M कारोबार वित्त वर्ष 2025-26 में ₹579.77 करोड़ का राजस्व अर्जित कर चुका है। वित्त वर्ष 2024-25 में इसका O&M टर्नओवर ₹597.09 करोड़ और वित्त वर्ष 2023-24 में ₹499.59 करोड़ रहा था। यानी पिछले तीन वित्त वर्षों में इस कारोबार ने लगातार करीब ₹500 करोड़ या उससे अधिक का वार्षिक कारोबार दर्ज किया है। 96.47% वोट से मंजूर हुई समाधान योजना विंड वर्ल्ड फिलहाल दिवाला एवं शोधन अक्षमता संहिता (IBC) के तहत कॉरपोरेट इंसॉल्वेंसी रिजॉल्यूशन प्रोसेस से गुजर रही है।
इनॉक्स नियो एनर्जीज और ऑथम इन्वेस्टमेंट एंड इंफ्रास्ट्रक्चर के कंसोर्टियम की ओर से प्रस्तुत समाधान योजना को कमेटी ऑफ क्रेडिटर्स ने 96.47% वोटिंग शेयर के साथ मंजूरी दी थी।
समाधान योजना के एक अलग हिस्से के तहत इनॉक्स नियो एनर्जीज विंड वर्ल्ड में नियंत्रणकारी हिस्सेदारी का अधिग्रहण करेगी। इसके अंतर्गत कंपनी का इंडिपेंडेंट पावर प्रोड्यूसर (IPP) और पावर-सेल कारोबार रखा जाएगा। इस कारोबार में करीब 600 MW की ऊर्जा परिसंपत्तियां शामिल हैं, जो कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु, राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश और आंध्र प्रदेश में फैली हैं।
इनॉक्स ग्रीन के लिए 4.5 GW के अतिरिक्त O&M पोर्टफोलियो का अधिग्रहण देश के विंड एनर्जी सर्विसेज बाजार में विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। स्थापित ग्राहक आधार, व्यापक भौगोलिक मौजूदगी और मौजूदा परिचालन क्षमता के साथ यह सौदा कंपनी के विंड टर्बाइन संचालन एवं रखरखाव कारोबार को और मजबूत कर सकता है।
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